बिहार में आरक्षण मजाक बन गया – तेजस्वी ,BPSC कट ऑफ मार्क्स पर शुरू हो गयी सियासत

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बिहार लोक सेवा आयोग ने की 64वीं परीक्षा का रिजल्‍ट जारी कर दिया है। बीपीएससी की इस परीक्षा से राज्य को 1454 अधिकारी मिले हैं। 64वीं रिजल्ट को लेकर नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव ने नीतीश सरकार को घेरने का काम किया। कट ऑफ मार्क्स को लेकर तेजस्वी ने सरकार पर सवाल भी खड़े किये। तेजस्वी का आरोप है कि इस परीक्षा में आरक्षित और अनारक्षित वर्ग का कट ऑफ मार्क्स बराबर किया गया है। तेजस्वी ने कहा कि बिहार में रिजर्वेशन अब मजाक बन गया है। 

रविवार को बीपीएससी की 64वीं परीक्षा का फाइनल रिजल्ट जारी हुआ। इस परीक्षा से बिहार को 1454 अधिकारी मिले हैं। बिहार प्रशासनिक सेवा के अनुमंडल पदाधिकारी व वरीय उप समाहर्ता के 28, बिहार पुलिस सेवा के 40, वाणिज्य कर पदाधिकारी 10, बिहार कारा सेवा के काराधीक्षक दो, आपूर्ति निरीक्षक 223, राजस्व अधिकारी एवं समकक्ष 571, नगर कार्यपालक पदाधिकारी 7, प्रखंड पंचायत पदाधिकारी के 133 पदों पर नियुक्ति की गई है।

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आरजेडी नेता व नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव ने जारी रिजल्ट पर सवाल खड़े किये हैं। तेजस्वी ने ट्वीट करते हुए यह लिखा कि ” नागपुरी संतरों के रंग में रंगे कथित OBC मुख्यमंत्री नीतीश जी ने BPSC के परिणाम में आरक्षित और अनारक्षित वर्ग का कट ऑफ मार्क्स बराबर करा दिया है क्योंकि नीतीश जी ने 15 वर्षों में अपनी जाति की प्रति व्यक्ति आय बिहार में सबसे अधिक कराने के बाद बाकी पिछड़ी जातियों को लात मार दिया है।”

64वीं संयुक्त मुख्य परीक्षा का अंतिम परीक्षाफल के कट ऑफ मार्क्स को तेजस्वी ने ट्विटर पर शेयर किया है। जिसमें अनारक्षित वर्ग को 535 मार्क्स दिया गया है वही आरक्षित वर्ग (बीसी) को भी 535 अंक दिया गया है। BPSC के द्वारा 6 जून को यह रिजल्ट जारी किया गया है। जिसे लेकर तेजस्वी यादव अब सरकार पर सवाल उठा रहे हैं। 

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